⚙️ पंचांग सेटिंग्स
गुरुवार
चतुर्दशी · शुक्ल पक्ष
माह: माघ
वि.सं. 2097
सूर्य राशि: कुम्भ
उत्तरायण
शिशिर
✨ पंचांग
| तिथि | चतुर्दशी (शुक्ल पक्ष) तक 05:21 (अगले दिन) |
|---|---|
| नक्षत्र | पुष्य (पाद 2) तक 22:09 |
| योग | सौभाग्य तक 06:59 (अगले दिन) |
| करण | गर तक 16:05 |
☀️ सूर्य
| सूर्योदय | 07:03 |
|---|---|
| सूर्यास्त | 18:18 |
| मध्याह्न | 12:41 |
| दिन/रात मान | 11h 14m / 12h 46m |
🌔 चंद्र
| चंद्र राशि | कर्क → सिंह (16-02-2041 01:06) |
|---|---|
| चंद्रोदय | 16:51 |
| चंद्रास्त | 06:43 |
| चंद्र-कला | 🌔 96% शुक्ल गिब्बस |
🕐 मुहूर्त और काल
| अभिजित मुहूर्त | 12:19 – 13:03 |
|---|---|
| राहु काल | 14:05 – 15:30 |
| गुलिक काल | 09:52 – 11:17 |
| यमगण्ड | 07:03 – 08:28 |
🪔 दिन का चौघड़िया
शुभ07:04 – 08:28
रोग08:28 – 09:52
उद्वेग09:52 – 11:17
चर11:17 – 12:41
लाभ12:41 – 14:05
अमृत14:05 – 15:30
काल15:30 – 16:54
शुभ16:54 – 18:18
● शुभ ● अशुभ
🪔 रात का चौघड़िया
अमृत18:18 – 19:54
काल19:54 – 21:29
शुभ21:29 – 23:05
रोग23:05 – 00:41
उद्वेग00:41 – 02:16
चर02:16 – 03:52
लाभ03:52 – 05:27
अमृत05:27 – 07:03
● शुभ ● अशुभ
🌟 शुभ मुहूर्त
| ब्रह्म मुहूर्त | 05:22 – 06:13 |
|---|---|
| प्रातः सन्ध्या | 05:47 – 07:03 |
| अभिजित मुहूर्त | 12:19 – 13:03 |
| विजय मुहूर्त | 14:33 – 15:18 |
| गोधूलि मुहूर्त | 18:18 – 18:44 |
| निशिता मुहूर्त | 00:15 – 01:06 |
✦ योग (शुभ-अशुभ)
सर्वार्थ सिद्धि योग
सभी कार्यों में सिद्धि देने वाला — शुभ कार्य, खरीद व नवीन आरंभ हेतु उत्तम।
सभी कार्यों में सिद्धि देने वाला — शुभ कार्य, खरीद व नवीन आरंभ हेतु उत्तम।
अमृत सिद्धि योग
अमृत तुल्य शुभ — मांगलिक कार्य सफल (कुछ कार्य तिथि-दोष होने पर वर्जित)।
अमृत तुल्य शुभ — मांगलिक कार्य सफल (कुछ कार्य तिथि-दोष होने पर वर्जित)।
गुरु पुष्य योग
शिक्षा, धन व शुभ कार्य आरंभ के लिए श्रेष्ठ।
शिक्षा, धन व शुभ कार्य आरंभ के लिए श्रेष्ठ।
रवि योग
अत्यंत शुभ — अधिकांश दोषों का शमन; शुभ कार्य के लिए उत्तम।
अत्यंत शुभ — अधिकांश दोषों का शमन; शुभ कार्य के लिए उत्तम।
⚠️ दुर्मुहूर्त व चेतावनी
| दुर्मुहूर्त | 10:49 – 11:34 |
|---|---|
| दुर्मुहूर्त | 15:18 – 16:03 |
| वर्ज्य काल | 04:11 – 05:59 इस अवधि में शुभ कार्य वर्जित |
| भद्रा | नहीं है |
| पंचक | नहीं है |
| गंडमूल | नहीं है |
| दिशाशूल | दक्षिण दिशा में यात्रा वर्जित |
⭐ नक्षत्र व तिथि विवरण
| नक्षत्र स्वामी | शनि |
|---|---|
| देवता | बृहस्पति |
| गण / नाड़ी | देव / मध्य |
| योनि | मेष |
| तिथि प्रकार | रिक्ता |
| चंद्र राशि | कर्क |
📋 कार्य मुहूर्त — आज कौन-सा कार्य शुभ
विवाहअशुभ
गृह प्रवेशअशुभ
यात्रामध्यम — सावधानी
वाहन क्रयमध्यम — सावधानी
व्यापार आरंभमध्यम — सावधानी
भूमि/निर्माणअशुभ
नामकरण/मुंडनमध्यम — सावधानी
शिक्षा आरंभमध्यम — सावधानी
● शुभ ● मध्यम ● अशुभ
🕐 होरा (प्रत्येक होरा का स्वामी)
दिन · गुरु होरा07:04 – 08:00
दिन · मंगल होरा08:00 – 08:56
दिन · सूर्य होरा08:56 – 09:52
दिन · शुक्र होरा09:52 – 10:49
दिन · बुध होरा10:49 – 11:45
दिन · चंद्र होरा11:45 – 12:41
दिन · शनि होरा12:41 – 13:37
दिन · गुरु होरा13:37 – 14:33
दिन · मंगल होरा14:33 – 15:30
दिन · सूर्य होरा15:30 – 16:26
दिन · शुक्र होरा16:26 – 17:22
दिन · बुध होरा17:22 – 18:18
रात · चंद्र होरा18:18 – 19:22
रात · शनि होरा19:22 – 20:26
रात · गुरु होरा20:26 – 21:29
रात · मंगल होरा21:29 – 22:33
रात · सूर्य होरा22:33 – 23:37
रात · शुक्र होरा23:37 – 00:41
रात · बुध होरा00:41 – 01:44
रात · चंद्र होरा01:44 – 02:48
रात · शनि होरा02:48 – 03:52
रात · गुरु होरा03:52 – 04:56
रात · मंगल होरा04:56 – 05:59
रात · सूर्य होरा05:59 – 07:03
स्थान के सूर्योदय अनुसार गणना · आने वाले त्योहार देखें →