⚙️ पंचांग सेटिंग्स
मंगलवार
चतुर्थी · शुक्ल पक्ष
माह: फाल्गुन
वि.सं. 2064
सूर्य राशि: कुम्भ
उत्तरायण
शिशिर
🎉 विनायक चतुर्थी
✨ पंचांग
| तिथि | चतुर्थी (शुक्ल पक्ष) तक 12:46 |
|---|---|
| नक्षत्र | अश्विनी (पाद 4) तक 09:48 |
| योग | ऐन्द्र तक 19:35 |
| करण | विष्टि तक 12:46 |
☀️ सूर्य
| सूर्योदय | 06:40 |
|---|---|
| सूर्यास्त | 18:34 |
| मध्याह्न | 12:37 |
| दिन/रात मान | 11h 53m / 12h 07m |
🌒 चंद्र
| चंद्र राशि | मेष → वृषभ (12-03-2008 13:22) |
|---|---|
| चंद्रोदय | 08:43 |
| चंद्रास्त | 22:37 |
| चंद्र-कला | 🌒 14% शुक्ल (बढ़ता) |
🕐 मुहूर्त और काल
| अभिजित मुहूर्त | 12:13 – 13:01 |
|---|---|
| राहु काल | 15:35 – 17:05 |
| गुलिक काल | 12:37 – 14:06 |
| यमगण्ड | 09:39 – 11:08 |
🪔 दिन का चौघड़िया
रोग06:40 – 08:09
उद्वेग08:09 – 09:39
चर09:39 – 11:08
लाभ11:08 – 12:37
अमृत12:37 – 14:06
काल14:06 – 15:35
शुभ15:35 – 17:05
रोग17:05 – 18:34
● शुभ ● अशुभ
🪔 रात का चौघड़िया
काल18:34 – 20:04
शुभ20:04 – 21:35
रोग21:35 – 23:06
उद्वेग23:06 – 00:36
चर00:36 – 02:07
लाभ02:07 – 03:38
अमृत03:38 – 05:09
काल05:09 – 06:39
● शुभ ● अशुभ
🌟 शुभ मुहूर्त
| ब्रह्म मुहूर्त | 05:04 – 05:52 |
|---|---|
| प्रातः संध्या | 06:04 – 06:52 |
| अभिजित मुहूर्त | 12:13 – 13:01 |
| विजय मुहूर्त | 14:36 – 15:23 |
| गोधूलि मुहूर्त | 18:10 – 18:58 |
| निशीथ मुहूर्त | 00:12 – 01:00 |
✦ योग (शुभ-अशुभ)
सर्वार्थ सिद्धि योग
सभी कार्यों में सिद्धि देने वाला — शुभ कार्य, खरीद व नवीन आरंभ हेतु उत्तम।
सभी कार्यों में सिद्धि देने वाला — शुभ कार्य, खरीद व नवीन आरंभ हेतु उत्तम।
अमृत सिद्धि योग
अमृत तुल्य शुभ — मांगलिक कार्य सफल (कुछ कार्य तिथि-दोष होने पर वर्जित)।
अमृत तुल्य शुभ — मांगलिक कार्य सफल (कुछ कार्य तिथि-दोष होने पर वर्जित)।
रवि योग
अत्यंत शुभ — अधिकांश दोषों का शमन; शुभ कार्य के लिए उत्तम।
अत्यंत शुभ — अधिकांश दोषों का शमन; शुभ कार्य के लिए उत्तम।
⚠️ दुर्मुहूर्त व चेतावनी
| दुर्मुहूर्त | 09:03 – 09:51 |
|---|---|
| दुर्मुहूर्त | 12:13 – 13:01 |
| वर्ज्य काल | 06:07 – 07:35 इस अवधि में शुभ कार्य वर्जित |
| भद्रा | है — वास मृत्युलोक (पृथ्वी) भद्रा पृथ्वी पर — शुभ/मांगलिक कार्य वर्जित; भद्रा-समाप्ति की प्रतीक्षा करें। |
| पंचक | नहीं है |
| गंडमूल | है |
| दिशाशूल | उत्तर दिशा में यात्रा वर्जित |
⭐ नक्षत्र व तिथि विवरण
| नक्षत्र स्वामी | केतु |
|---|---|
| देवता | अश्विनी कुमार |
| गण / नाड़ी | देव / आदि |
| योनि | अश्व |
| तिथि प्रकार | रिक्ता |
| चंद्र राशि | मेष |
📋 कार्य मुहूर्त — आज कौन-सा कार्य शुभ
विवाहअशुभ
गृह प्रवेशअशुभ
यात्रामध्यम — सावधानी
वाहन क्रयमध्यम — सावधानी
व्यापार आरंभमध्यम — सावधानी
भूमि/निर्माणअशुभ
नामकरण/मुंडनमध्यम — सावधानी
शिक्षा आरंभमध्यम — सावधानी
● शुभ ● मध्यम ● अशुभ
🕐 होरा (प्रत्येक होरा का स्वामी)
दिन · मंगल होरा06:40 – 07:40
दिन · सूर्य होरा07:40 – 08:39
दिन · शुक्र होरा08:39 – 09:39
दिन · बुध होरा09:39 – 10:38
दिन · चंद्र होरा10:38 – 11:38
दिन · शनि होरा11:38 – 12:37
दिन · गुरु होरा12:37 – 13:36
दिन · मंगल होरा13:36 – 14:36
दिन · सूर्य होरा14:36 – 15:35
दिन · शुक्र होरा15:35 – 16:35
दिन · बुध होरा16:35 – 17:34
दिन · चंद्र होरा17:34 – 18:34
रात · शनि होरा18:34 – 19:34
रात · गुरु होरा19:34 – 20:35
रात · मंगल होरा20:35 – 21:35
रात · सूर्य होरा21:35 – 22:36
रात · शुक्र होरा22:36 – 23:36
रात · बुध होरा23:36 – 00:36
रात · चंद्र होरा00:36 – 01:37
रात · शनि होरा01:37 – 02:37
रात · गुरु होरा02:37 – 03:38
रात · मंगल होरा03:38 – 04:38
रात · सूर्य होरा04:38 – 05:39
रात · शुक्र होरा05:39 – 06:39
स्थान के सूर्योदय अनुसार गणना · आने वाले त्योहार देखें →