⚙️ पंचांग सेटिंग्स
गुरुवार
चतुर्दशी · शुक्ल पक्ष
माह: माघ
वि.सं. 2067
सूर्य राशि: कुम्भ
उत्तरायण
शिशिर
✨ पंचांग
| तिथि | चतुर्दशी (शुक्ल पक्ष) तक 17:36 |
|---|---|
| नक्षत्र | पुष्य (पाद 4) तक 08:14 |
| योग | सौभाग्य तक 12:10 |
| करण | गर तक 07:12 |
☀️ सूर्य
| सूर्योदय | 07:02 |
|---|---|
| सूर्यास्त | 18:20 |
| मध्याह्न | 12:41 |
| दिन/रात मान | 11h 18m / 12h 42m |
🌕 चंद्र
| चंद्र राशि | कर्क → सिंह (18-02-2011 05:39) |
|---|---|
| चंद्रोदय | 17:24 |
| चंद्रास्त | 06:37 |
| चंद्र-कला | 🌕 98% पूर्णिमा (पूर्ण चाँद) |
🕐 मुहूर्त और काल
| अभिजित मुहूर्त | 12:19 – 13:04 |
|---|---|
| राहु काल | 14:06 – 15:31 |
| गुलिक काल | 09:52 – 11:16 |
| यमगण्ड | 07:02 – 08:27 |
🪔 दिन का चौघड़िया
शुभ07:02 – 08:27
रोग08:27 – 09:52
उद्वेग09:52 – 11:16
चर11:16 – 12:41
लाभ12:41 – 14:06
अमृत14:06 – 15:31
काल15:31 – 16:55
शुभ16:55 – 18:20
● शुभ ● अशुभ
🪔 रात का चौघड़िया
अमृत18:20 – 19:55
काल19:55 – 21:30
शुभ21:30 – 23:06
रोग23:06 – 00:41
उद्वेग00:41 – 02:16
चर02:16 – 03:51
लाभ03:51 – 05:26
अमृत05:26 – 07:01
● शुभ ● अशुभ
🌟 शुभ मुहूर्त
| ब्रह्म मुहूर्त | 05:26 – 06:14 |
|---|---|
| प्रातः संध्या | 06:26 – 07:14 |
| अभिजित मुहूर्त | 12:19 – 13:04 |
| विजय मुहूर्त | 14:34 – 15:19 |
| गोधूलि मुहूर्त | 17:56 – 18:44 |
| निशीथ मुहूर्त | 00:17 – 01:05 |
✦ योग (शुभ-अशुभ)
सर्वार्थ सिद्धि योग
सभी कार्यों में सिद्धि देने वाला — शुभ कार्य, खरीद व नवीन आरंभ हेतु उत्तम।
सभी कार्यों में सिद्धि देने वाला — शुभ कार्य, खरीद व नवीन आरंभ हेतु उत्तम।
अमृत सिद्धि योग
अमृत तुल्य शुभ — मांगलिक कार्य सफल (कुछ कार्य तिथि-दोष होने पर वर्जित)।
अमृत तुल्य शुभ — मांगलिक कार्य सफल (कुछ कार्य तिथि-दोष होने पर वर्जित)।
गुरु पुष्य योग
शिक्षा, धन व शुभ कार्य आरंभ के लिए श्रेष्ठ।
शिक्षा, धन व शुभ कार्य आरंभ के लिए श्रेष्ठ।
रवि योग
अत्यंत शुभ — अधिकांश दोषों का शमन; शुभ कार्य के लिए उत्तम।
अत्यंत शुभ — अधिकांश दोषों का शमन; शुभ कार्य के लिए उत्तम।
⚠️ दुर्मुहूर्त व चेतावनी
| दुर्मुहूर्त | 10:48 – 11:33 |
|---|---|
| दुर्मुहूर्त | 15:19 – 16:04 |
| वर्ज्य काल | 17:38 – 19:06 इस अवधि में शुभ कार्य वर्जित |
| भद्रा | नहीं है |
| पंचक | नहीं है |
| गंडमूल | नहीं है |
| दिशाशूल | दक्षिण दिशा में यात्रा वर्जित |
⭐ नक्षत्र व तिथि विवरण
| नक्षत्र स्वामी | शनि |
|---|---|
| देवता | बृहस्पति |
| गण / नाड़ी | देव / मध्य |
| योनि | मेष |
| तिथि प्रकार | रिक्ता |
| चंद्र राशि | कर्क |
📋 कार्य मुहूर्त — आज कौन-सा कार्य शुभ
विवाहअशुभ
गृह प्रवेशअशुभ
यात्रामध्यम — सावधानी
वाहन क्रयमध्यम — सावधानी
व्यापार आरंभमध्यम — सावधानी
भूमि/निर्माणअशुभ
नामकरण/मुंडनमध्यम — सावधानी
शिक्षा आरंभमध्यम — सावधानी
● शुभ ● मध्यम ● अशुभ
🕐 होरा (प्रत्येक होरा का स्वामी)
दिन · गुरु होरा07:02 – 07:59
दिन · मंगल होरा07:59 – 08:55
दिन · सूर्य होरा08:55 – 09:52
दिन · शुक्र होरा09:52 – 10:48
दिन · बुध होरा10:48 – 11:45
दिन · चंद्र होरा11:45 – 12:41
दिन · शनि होरा12:41 – 13:38
दिन · गुरु होरा13:38 – 14:34
दिन · मंगल होरा14:34 – 15:31
दिन · सूर्य होरा15:31 – 16:27
दिन · शुक्र होरा16:27 – 17:24
दिन · बुध होरा17:24 – 18:20
रात · चंद्र होरा18:20 – 19:24
रात · शनि होरा19:24 – 20:27
रात · गुरु होरा20:27 – 21:30
रात · मंगल होरा21:30 – 22:34
रात · सूर्य होरा22:34 – 23:37
रात · शुक्र होरा23:37 – 00:41
रात · बुध होरा00:41 – 01:44
रात · चंद्र होरा01:44 – 02:48
रात · शनि होरा02:48 – 03:51
रात · गुरु होरा03:51 – 04:55
रात · मंगल होरा04:55 – 05:58
रात · सूर्य होरा05:58 – 07:01
स्थान के सूर्योदय अनुसार गणना · आने वाले त्योहार देखें →